*आखिर जनपद पंचायत जैजैपुर के सीईओ रिश्वतखोर बाबू पर इतनी मेहरबान क्यों ?*
*आखिर जनपद पंचायत जैजैपुर के सीईओ रिश्वतखोर बाबू पर इतनी मेहरबान क्यों ?*
*निलंबित बाबू की जगह पर किसी दूसरे कर्मचारियों को एक माह तक नही दिया प्रभार और पुनः निलंबित बाबू को ही बहाल करवाकर दिया प्रभार*
*जनपद पंचायत जैजैपुर की मामला*
हमर छत्तीसगढ़ न्यूज नारायण राठौर
जैजैपुर: बड़े-बड़े दिग्गज भाजपा कांग्रेस और बहुजन समाज पार्टी नेताओं की नगरी जैजैपुर का सुर्खियों में रहने वाला जनपद पंचायत जैजैपुर जो काला समुंदर है । इसकी जितनी भी गहराई में जाते जाए आपको भ्रष्टाचार और भ्रष्टाचार ही नजर आएगा।
कहने वाले ठीक ही कह गए हैं बाप तो बाप बेटा बाप रे बाप इसीलिए शायद बाप बेटा को और बेटा आप को संरक्षण दे जनपद पंचायत को अपने ढंग से चला रहे हैं। यहां बाप से मत बाबू वर्मा और बेटा से मतलब जनपद सीईओ चिकनजुरी से है, विश्वसनीय सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार जनपद सीईओ के द्वारा पूरे जनपद पंचायत के बाबू को चेक काटने की एवज में सरपंचों को डरा धमका कर वसूली किया जाता है,तो वही वर्मा के द्वारा ग्राम पंचायतों में विकास कार्यो का सरपंचों चेक काटने की एवज में जनपद सीईओ का कमीशन बाबू द्वारा मांग की जाती है ग्राम पंचायत सचिवो और सरपंचो को डरा कर अपना रोज का खर्चापानी निकालते हुए सीईओ की भी खर्चा निकालते हैं। और आपको यह जानकर हैरानी होगी कि जनपद सीईओ ने अपने अथक प्रयास से निलंबित बाबू को बहाल कराने में मुख्य भूमिका निभाई है और यह बाबू बहाल होते ही अपनी हरकत से बाज नही आये और एक जनप्रतिनिधि ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि चेक काटने की एवज में बाबू अपने लिए 6 हजार रुपये एवं जनपद सीईओ के लिए 12 हजार की मांग किया गया है इससे सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि यहां की जनपद सीईओ किसी दूसरे कर्मचारियों को 1 माह तक क्यो प्रभार नही दिया क्योंकि सीईओ को भी भरोसेमंद कर्मचारियों की जरूरत रही होगी । शायद ऐसे भरोसेमंद बाबू नही मिला होगा लगता है कि कागजी कार्यवाही के लिए मनरेगा शाखा के एक कर्मचारी को दिखावा के लिए आदेश कर दिया गया लेकिन उन्हें बाबू की कुर्सी पर नही बैठने दिया ऐसे जनपद पंचायत क्षेत्र के ग्राम पंचायतो के विकास कार्यों का आप सहज ही अंदाजा लगा सकते हैं। जहां एक ओर सरकार बदलने के बाद चिक चिक नेता ग्रामीण क्षेत्र के विकास के लिए दावा करते नजर आ रहे हैं । ? तो क्या वसूलीबाज सीईओ और बाबू के रहते संभव है।

