राखड़, रेती,मिक्स कोयला पहुंचाया जा रहा है बिजली संयंत्रों में,अधिकारी,सप्लायर मालामाल

राखड़, रेती,मिक्स कोयला पहुंचाया जा रहा है बिजली संयंत्रों में,अधिकारी,सप्लायर मालामाल

 

 

हमर छत्तीसगढ न्यूज

जांजगीर चांपा – छत्तीसगढ़ के जांजगीर चांपा जिला पावर हब के नाम से जाना जाता है जहां पर अनेकों निजी एवं सरकारी बिजली संयंत्र स्थापित है,जहां बिजली उत्पादन के लिए हजारों टन कोयले की खपत है,जिसका आपूर्ति पड़ोसी जिले कोरबा,रायगढ़ के अलावा दीगर प्रांत उड़ीसा,झारखंड,मध्यप्रदेश ,बिहार से रेल ,सड़क के माध्यम से ट्रांसपोर्टरों के माध्यम से आपूर्ति स्टॉक लिया जाता है, विगत दिवस हमर छत्तीसगढ न्यूज के रिपोर्टरों का प्रतिनिधि मंडल नैला रेलवे कोल साइडिंग पहुंचा तब पड़ताल करने पर पता चला कि साइडिंग में लोडिंग के लिए रखा गया कोयला में 40 फीसदी रेती ,राखड़,स्लेकचुडी,का मिक्सिंग है जो मड़वा पावर प्लांट,महानदी प्लांट,पी आई अल एवं आस पास के संयंत्रों में बड़ी सहजता सरलता से आपूर्ति किया जाता है,मजे की बात तो यह है कि उक्त संयंत्रों में क्या बिना क्वालिटी और गुडवता जांचे ओके किया जाता है,निश्चित रूप से इस काले खेल में संबंधित संयंत्र के अधिकारी,क्वालिटी मास्टर,सप्लायर मोटी कमाई कर रहे है और इधर संयंत्र के भट्ठी , बंकर ,सेल हाउस ब्लास्ट हो रहे,मजदूर काल कल्वित हो रहे है,इसका जांच वास्तविक में स्थानीय स्तर में संभव नहीं है,इस काले खेल की जानकारी स्थानीय सांसद को दिया गया है जिसकी शिकायत जांच पी एम ओ में करने की बात कही गई है,संभावना है इस काले खेल का उजागर बहुत जल्दी होगी