*कलेक्टर के निर्देशन में उर्वरक विक्रेताओं पर कृषि विभाग की सख्ती, अनियमितता मिलने पर मेसर्स कमल सेल्स का विक्रय प्रतिबंधित*

*कलेक्टर के निर्देशन में उर्वरक विक्रेताओं पर कृषि विभाग की सख्ती, अनियमितता मिलने पर मेसर्स कमल सेल्स का विक्रय प्रतिबंधित*

*खाद की कालाबाजारी और अधिक कीमत वसूली पर होगी कार्रवाई, किसानों से शिकायत करने की अपील*

हमर छत्तीसगढ़ न्यूज नारायण राठौर

 

सक्ती, 22 जून 2026// कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन एवं उप संचालक कृषि सक्ती श्री तरुण कुमार प्रधान के मार्गदर्शन में जिले के निजी उर्वरक व्यापारियों का सतत निरीक्षण किया जा रहा है। किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले खाद, बीज एवं कीटनाशक उपलब्ध कराना कृषि विभाग की प्राथमिकता है। साथ ही खाद की कालाबाजारी एवं निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत पर बिक्री करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत दिवस किसानों को खाद विक्रय में अनियमितता पाए जाने के कारण मेसर्स कमल सेल्स, प्रो. श्री कमल चंद्रा, विकासखंड मालखरौदा के विक्रय स्थल का निरीक्षण कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा किया गया। निरीक्षण के दौरान उर्वरक (अकार्बनिक, कार्बनिक एवं मिश्रित) (नियंत्रण) आदेश-1985 के नियमों के उल्लंघन सहित कई अनियमितताएं पाई गईं। जांच में यह पाया गया कि विक्रेता द्वारा आदेश की धारा के नियमों का पालन नहीं किया गया था। अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए प्रतिष्ठान में उपलब्ध खाद के स्टॉक की बिक्री तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित कर दी गई। साथ ही संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी कर सात दिनों के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। कार्रवाई के दौरान 30 मीट्रिक टन यूरिया, 13.9 मीट्रिक टन एसएसपी पाउडर तथा 20 मीट्रिक टन एएसपी को जप्त किया गया। कार्यवाही के दौरान सहायक संचालक कृषि श्री सुमान सिंह पैकरा, अनुविभागीय कृषि अधिकारी श्री ऋतुराज, उर्वरक निरीक्षक श्री प्रवीण कुमार यादव, कृषि विकास अधिकारी श्री आर.एन. गर्ग उपस्थित रहे। कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि उर्वरक (अकार्बनिक, कार्बनिक एवं मिश्रित) (नियंत्रण) आदेश-1985 के नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। विभाग नियमित निरीक्षण एवं नियमानुसार कार्रवाई के माध्यम से किसानों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। किसानों से अपील की गई है कि अधिक कीमत वसूली, कालाबाजारी अथवा अन्य अनियमितताओं की जानकारी अपने नजदीकी कृषि विभाग कार्यालय को अवश्य दें।